छोटे बच्चों में सांस राेग का खतरा घटाता है ओमेगा-3, जाने अभी

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लाइव हिंदी खबर (हेल्थ कार्नर ) :-  प्रेग्नेंसी के 6-9वें माह के दौरान डाइट में यदि ओमेगा-3 फैटी एसिड से भरपूर चीजों को शामिल किया जाएं तो नवजात में अस्थमा के खतरे को 31 प्रतिशत तक कम किया जा सकता है। डेनमार्क की कोपेनहेगन यूनिवर्सिटी में हुए शोध के मुताबिक ओमेगा-3 फैटी एसिड में मौजूद कुछ खास एसिड्स सूजन में राहत पहुंचाते हैं।

Omega-3 – शिशुआें में सांस राेग का खतरा घटाता है ओमेगा-3

अध्ययन के अनुसार महिला का डिलीवरी से पहले और बाद में ब्लड टैस्ट लेकर इन जरूरी एसिड का पता लगाया गया। साथ ही इस दौरान पैदा होने वाले बच्चों पर 5 साल तक नजर रखी गई। ओमेगा-3 फैटी एसिड की पूर्ति मछली, बादाम, अलसी, अखरोट आदि खाकर की जा सकती है।

ओमेगा-3 फैटी एसिड के अन्य फायदे :-

– डीएचए ओमेगा-3 का एक प्रकार होता है।जो दिमाग और आंखों के रेटिना के लिए जरुरी होता है। यह मैकुलर डिजनरेशन से रोकथाम करता है।

Here's all you need to know about Omega 3 fatty acids – Food & Recipes

– ओमेगा-3 फैटी एसिड ब्लड प्रेशर को सामान्य रखने, ब्लड क्लॉट बनने से रोकथाम और सूजन कम करना जैसी चीजें करके हृदय संबंधी समस्याओं से रोकथाम करता है।

– शरीर में कम मात्रा में ओमेगा -3 फैटी एसिड की वजह से मानसिक विकार होने लगते हैं। लेकिन जब आप ओमेगा-3 फैटी एसिड के स्त्रोतों का सेवन करने लगते हैं तो मानसिक विकार ठीक होने लगते हैं।