लाइव हिंदी खबर (हेल्थ कार्नर ) :- साइनस को साइनोसाइटिस भी कहते है, यह नाक सबंधी रोग है जिसके कारण ना सिर्फ व्यक्ति को सांस लेने मे परेशानी होती है, बल्कि चेहरे की मांसपेशिया मे दर्द शुरू हो जाता है। साइनस के कई कारण हो सकते है जैसे बक्टेरिया, फंगल, एलर्जी, नाक की हड्डी का बढ़ जाना, अस्थमा, वायरल व भोजन अमूमन लोग साइनस की समस्या होने पर दवाइयों का सहारा लेते है, लेकिन आप कुछ घरेलु उपचार की मदद से भी अपनी इस समस्या से राहत पा सकते है तो चालिए जानते है। साइनस के कुछ घरेलु उपचार के बारे में :-

नाक का स्प्रे – नाक का स्प्रे साइनस के इलाज के लिए बेहद प्रभावी होता है। इसके लिए आप पानी में थोड़ा नमक और बेकिंग पावडर मिलाये आप इसे सूंघे या इसे एक स्प्रे बोतल पे भरकर नाक में डालें आप इस नाक के स्प्रे का इस्तेमाल दिन में दो से तीन बार कर सकते है।
स्टीम – साइनस के दर्द के इलाज का सबसे आसान व प्रभावी उपाय है। स्टीम नाक के मार्ग को खोलता है साथ ही इससे साइनस प्रेशर भी कम होता है। स्टीम लेने के लिए पहले आप एक बर्तन के ऊपर अपना मुँह रखें हालांकि पानी से थोड़ी दुरी बनाये रखे इसके बाद आप अपने सिर के ऊपर तौलिया रखें साथ ही ये भी सुनिश्चित करें की भाप आपके नाक के रास्ते भीतर जाए।

तरल पदार्थ का सेवन – अगर आप साइनस के दर्द से पीड़ित है, और आप खुद को हाइड्रेटेड रखें आप गुनगुने पानी का सेवन करें या फिर फलों का रस सेवन करें।
नींबू : नींबू साइनस के उपचार में काफी फायदेमंद साबित होती है। एक गिलास गुनगुना पानी में एक नींबू निचोड़ कर उसमे एक चम्मच शहद मिलाये इसे दो से तीन हफ्ते रोज सुबह पिये नींबू में साइनस के दर्द को दुर करने की छमता होती है। साथ ही नाक की नली को भी साफ करता है।
तुलसी : तुलसी के पत्ते बैक्टीरियल विरोधी और एंटी फंगल होते है। और इसीलिए रोगाणुओं, जो साइनस संक्रमण का कारण होते है उसे नष्ट करते है।
लहसुन : लहसुन सूजन कम करने वाले गुणों से युक्त है यह साइनस में आराम दिलाता है।

प्याज़ : नाक के मार्ग को साफ करने में मदद करती है। यह उन बैक्टीरिया को भी नष्ट करने में मदद करती है। जो साइनस संक्रमण के कारण होते है।
दालचीनी : दालचीनी एक मसाला है जो साइनस में काफी कारगर है। आप एक चौथाई चम्मच दालचीनी पावडर और शहद का हर दिन सेवन कर सकते है।