लाइव हिंदी खबर :- नेपाल की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। गृह मंत्री सुदन गुरुंग ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। यह फैसला ऐसे समय आया है जब नई सरकार को बने ज्यादा समय नहीं हुआ है। उनके इस्तीफे से सरकार की स्थिरता और कामकाज पर सवाल उठने लगे हैं।

गुरुंग का नाम एक कारोबारी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में सामने आया था। आरोप था कि उनके उस व्यक्ति से करीबी संबंध थे, जिसे आर्थिक अनियमितताओं के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। इस मामले ने तेजी से राजनीतिक रूप ले लिया और विपक्ष के साथ-साथ आम लोगों ने भी जवाब मांगा।
मीडिया रिपोर्ट्स में सामने आया कि गुरुंग के निजी खातों और उनसे जुड़ी संस्थाओं के बीच बड़े स्तर पर पैसों का लेनदेन हुआ है। कुछ ट्रांजैक्शन ऐसे थे जिनका उद्देश्य स्पष्ट नहीं था। इसके अलावा कोविड सहायता राशि के इस्तेमाल और निवेश को लेकर भी कई सवाल उठे जिसे विवाद और गहरा गया।
यह मामला इसलिए भी खास है क्योंकि नई सरकार में यह दूसरा इस्तीफा है। इससे पहले एक अन्य मंत्री को भी आरोपों के चलते पद छोड़ना पड़ा था। लगातार हो रहे इन घटनाक्रमों से सरकार की छवि प्रभावित हो रही है और प्रशासनिक स्थिरता पर असर पड़ रहा है।
सरकार पहले से ही कई विवादित फैसलों को लेकर आलोचना झेल रही है। ऐसे में गृह मंत्री का इस्तीफा दबाव को और बढ़ाता है। अब सरकार के सामने सबसे बड़ी चुनौती जनता का भरोसा बनाए रखना और पारदर्शिता दिखाना है ताकि राजनीतिक स्थिति को संभाला जा सके।