लाइव हिंदी खबर :- बॉलीवुड अभिनेत्री और डांसर नोरा फतेही ने अपने संघर्ष भरे दिनों को याद करते हुए बताया कि करियर की शुरुआत में उन्हें कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। उन्होंने खुलासा किया कि काम दिलाने के नाम पर उनके साथ करीब 20 लाख रुपए की ठगी हुई थी। इसके अलावा कई बार उन्हें बिना किसी फीस के गानों और प्रोजेक्ट्स में काम करना पड़ा। नोरा ने बताया कि उनका जन्म एक रूढ़िवादी मुस्लिम परिवार में हुआ था जहां डांस को अच्छा नहीं माना जाता था। बचपन में वह छिपकर डांस किया करती थीं। परिवार के विरोध और डांट-फटकार के बावजूद उन्होंने अपने सपने का पीछा नहीं छोड़ा।

साल 2014 में नोरा केवल 5000 रुपए लेकर मुंबई आई थीं। उस समय उन्हें हिंदी भाषा भी नहीं आती थी, हिंदी न जानने के कारण उन्हें ऑडिशन में कई बार रिजेक्शन झेलना पड़ा और उनके उच्चारण का मजाक भी उड़ाया गया, हालांकि उन्होंने लगातार मेहनत की और हिंदी सीखने के साथ-साथ खुद को एक बेहतर परफॉर्मर के रूप में तैयार किया नोरा ने कहा कि शुरुआत में उन्हें लगता था कि मुंबई पहुंचते ही वह स्टार बन जाएंगी लेकिन यहां आने के बाद उन्हें एहसास हुआ कि सफलता के लिए कड़ी मेहनत और धैर्य की जरूरत होती है।
उन्होंने बताया कि बॉलीवुड में आने की प्रेरणा उन्हें कैटरीना कैफ और जैकलीन फर्नांडिस से मिली थी। नोरा के अनुसार करियर के शुरुआती दौर में उन्होंने कई गाने और प्रोजेक्ट बिना फीस के किए बाद में फिल्म सत्यमेव जयते के गाने दिलबर ने उन्हें नई पहचान दिलाई और वह देश की लोकप्रिय डांसरों और कलाकारों में शामिल हो गईं आज नोरा फतेही की कहानी उन लोगों के लिए प्रेरणा है जो कठिन परिस्थितियों के बावजूद अपने सपनों को पूरा करने का हौसला रखते हैं।